सीएम का निर्देश: ऐसे कोर्स तैयार हों जो प्रशिक्षण के बाद सीधे रोजगार दिलाएं, ‘सीखो कमाओ योजना’ में 20 हजार प्रशिक्षार्थियों का आंकड़ा दोगुना करने पर जोर
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि प्रदेश में ऐसे नए और उपयोगी कोर्स तैयार किए जाएं, जिनसे प्रशिक्षण पूरा होते ही युवाओं को रोजगार मिल सके। उन्होंने ‘सीखो कमाओ योजना’ के तहत अब तक लगभग 20 हजार से अधिक लोगों को दिए गए प्रशिक्षण के आंकड़े को दोगुना करने का लक्ष्य भी तय करने को कहा।
समत्व भवन में आयोजित तकनीकी शिक्षा, कौशल विकास और रोजगार विभाग की समीक्षा बैठक के दौरान ये निर्देश दिए गए। बैठक में तकनीकी शिक्षा मंत्री इंदर सिंह परमार और राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) गौतम टेटवाल भी उपस्थित रहे। इस दौरान यह जानकारी साझा की गई कि भारत सरकार द्वारा जारी आईटीआई की राष्ट्रीय ग्रेडिंग में मध्यप्रदेश को 5वां स्थान मिला है, जबकि प्रदेश की 47 शासकीय आईटीआई को 10 में से 9 प्लस ग्रेड प्राप्त हुआ है।
स्किल कैपिटल’ बनाने के लिए लगातार प्रयास
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में देश को ‘स्किल कैपिटल’ बनाने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। इसी क्रम में उन्होंने राष्ट्रीय डेयरी डेवलपमेंट बोर्ड के सहयोग से प्रदेश में दुग्ध उत्पादन बढ़ाने और डेयरी विकास कार्यक्रमों से युवाओं को जोड़ने के निर्देश दिए। इसके लिए कौशल विकास और रोजगार विभाग के साथ समन्वय स्थापित कर ठोस कदम उठाने पर जोर दिया गया। साथ ही कृषि वर्ष 2026 को ध्यान में रखते हुए युवाओं को विभिन्न गतिविधियों से जोड़कर रोजगार उपलब्ध कराने की बात भी कही गई।
बैठक में कौशल विकास योजनाओं के लाभार्थियों की जानकारी भी प्रस्तुत की गई। बताया गया कि प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना के तहत मध्यप्रदेश में देश में सबसे अधिक 11,400 प्रशिक्षणार्थियों का नामांकन हुआ है। वहीं ‘युवा संगम’ कार्यक्रम के अंतर्गत वर्ष 2025-26 में प्रदेश के 2 लाख 68 हजार से ज्यादा आवेदकों को लाभ मिला। इसके अलावा 1 लाख 32 हजार युवाओं को स्व-रोजगार के अवसर भी प्रदान किए गए हैं।
3 हजार से अधिक युवाओं को प्रशिक्षण देने का लक्ष्य निर्धारित
संत शिरोमणि रविदास ग्लोबल स्किल पार्क, भोपाल द्वारा इस वर्ष 3 हजार से अधिक युवाओं को प्रशिक्षण देने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इनमें 1500 प्रतिभागी दीर्घकालीन और 1500 अल्पकालीन प्रशिक्षण प्राप्त करेंगे। इससे पहले युवाओं को रिलायंस, ट्राइडेंट और जिंदल समूह की जेबीएम जैसी कंपनियों में प्रशिक्षण दिया जा चुका है।
प्रदेश में वर्तमान में 290 शासकीय और 644 निजी आईटीआई संचालित हैं। शासकीय आईटीआई में 3484 सीटें बढ़ाई गई हैं, जिससे कुल संख्या 52,248 हो गई है। वहीं निजी आईटीआई में 61,032 सीटें उपलब्ध हैं। धार जिले के सरदारपुर आईटीआई में परम फाउंडेशन द्वारा मैन्युफैक्चरिंग टेक्नीशियन कोर्स भी संचालित किया जा रहा है। पीएम सेतु योजना के तहत 20 हब और 81 स्पोक आईटीआई का उन्नयन किया गया है। साथ ही इंडिया स्किल्स प्रतियोगिता 2025-26 में मध्यप्रदेश ने बेहतर प्रदर्शन किया है।
इससे पहले मुख्यमंत्री ने ‘कृषि लोकरंग’ कार्यक्रम की तैयारियों की भी समीक्षा की। उन्होंने सुझाव दिया कि किसानों और आमजन की भागीदारी बढ़ाने के लिए कृषि क्विज जैसी नई पहल शुरू की जाए। प्रतियोगिता के विजेताओं को आकर्षक पुरस्कार दिए जाएं, जिसमें जिला स्तर के टॉपर को ट्रैक्टर जैसे उपयोगी कृषि उपकरण भी प्रदान किए जा सकते हैं। उन्होंने संभाग और जिला स्तर पर भी ऐसे आयोजन करने के निर्देश दिए। वही इसके अलावा एक अलग बैठक में बालाघाट में प्रस्तावित जनजातीय कार्यक्रम की तैयारियों की समीक्षा भी की गई।